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विधि

उपवास का विज्ञान

उपवास परंपरा में भी है और शरीर-विज्ञान में भी। दोनों एक ही बात कहते हैं — पाचन तंत्र को अंतराल चाहिए।

३० जुलाई २०२६८ मिनट

उपवास का विज्ञान

अंतराल का अर्थ

जब भोजन लगातार आता रहता है तो शरीर की ऊर्जा पाचन में ही लगी रहती है। उपवास वह अवधि है जिसमें वह ऊर्जा मरम्मत की ओर मुड़ती है।

इसीलिए उपवास के दिन विश्राम और मौन रखा जाता है। यदि उस दिन भी दौड़-भाग चलती रहे तो उपवास का उद्देश्य अधूरा रह जाता है।

सावधानी

उपवास हर व्यक्ति के लिए एक जैसा नहीं है। गर्भावस्था, नियमित दवा या चल रही चिकित्सकीय देखभाल की स्थिति में योग्य विशेषज्ञ से परामर्श के बिना उपवास नहीं करना चाहिए।

स्वास्थ्य सम्बन्धी सूचना

यह सामान्य स्वास्थ्य मार्गदर्शन है, निदान या चिकित्सकीय उपचार नहीं।